सोमवार, 29 जून 2026
देवभूमि में नफरत की राजनीति बर्दाश्त नहीं: महेंद्र
निहंग मामले पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का हमला, धामी सरकार की सूझबूझ को सराहा
बोले-सांस्कृतिक एकता को चोट पहुंचाने वाले स्वार्थी तत्व हो गए हैं अब बेनकाब
निहंग मामले में सिख समाज, स्थानीय जनता और धामी सरकार की पीठ थपथपाई
देहरादून। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र ने निहंग प्रकरण को विधानसभा चुनाव-2027 से पहले उत्तराखंड का माहौल बिगाड़ने की एक सुनियोजित साजिश करार देते हुए कहा कि कुछ स्वार्थी तत्व देवभूमि की शांति, सामाजिक सौहार्द और सांस्कृतिक एकता को चोट पहुंचाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन उनकी यह मंशा पूरी तरह नाकाम साबित हुई। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की महान संस्कृति, मेहमाननवाजी और आपसी भाईचारे की भावना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि देवभूमि में नफरत और वैमनस्य की राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम में स्थानीय निवासियों, सिख समाज और प्रशासन के सहयोग की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री सीएम धामी के नेतृत्व वाली सरकार की सूझबूझ और संवेदनशील कार्यशैली की प्रशंसा की।
भट्ट ने कहा कि सरकार ने पूरे मामले में धैर्य और गंभीरता से काम किया तथा किसी भी प्रकार की अफवाह या तनाव को फैलने नहीं दिया। समय रहते उठाए गए कदमों के कारण स्थिति नियंत्रण में रही और प्रदेश की शांति एवं सौहार्द को बनाए रखने में सफलता मिली। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जब पूरा प्रदेश शांति बनाए रखने और स्थिति को सामान्य करने में जुटा था, तब कुछ विपक्षी नेता इस संवेदनशील मुद्दे पर भी राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ दलों ने तथ्यों को समझने के बजाय बयानबाजी कर माहौल को और भड़काने की कोशिश की।
उन्होंने कहा कि संकट की घड़ी में विपक्ष की भूमिका रचनात्मक और जिम्मेदार होनी चाहिए थी, लेकिन कुछ नेताओं ने गैरजिम्मेदार रवैया अपनाते हुए समाज को बांटने वाली राजनीति करने का प्रयास किया। भट्ट ने कहा कि विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही कुछ ताकतें सामाजिक और धार्मिक भावनाओं को भड़काकर राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर सकती हैं। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से जनता के बीच जाकर शांति, भाईचारे और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का संदेश पहुंचाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए राजनीति और चुनाव से कहीं अधिक महत्वपूर्ण उत्तराखंड की शांति, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक विरासत है। पार्टी किसी भी कीमत पर प्रदेश का माहौल खराब करने की कोशिशों को सफल नहीं होने देगी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि निहंग प्रकरण के दौरान उत्तराखंड की जनता ने संयम और परिपक्वता का परिचय दिया है। स्थानीय लोगों और सिख समाज के बीच संवाद और सहयोग ने यह साबित कर दिया कि देवभूमि की पहचान आपसी सद्भाव और भाईचारे से है, जिसे किसी भी साजिश के जरिए कमजोर नहीं किया जा सकता।
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